Sunday, April 19, 2026

तो मुझे एक बात बताओ, ये सरकार हमने सिर्फ मोबाइल नम्बर को आधारकार्ड से लिंक करने के लिए बनाई थी क्या?" www.navjivanfoundation.org


 

रुपया 95 पार हो गया लेकिन विकास जारी है रुपया 95 पार हो गया लेकिन विकास जारी है www.navjivanfoundation.org


 

जय श्रीरामकृष्ण www.navjivanfoundation.org


 

संसद में हारी सरकार, बिल गिरा www.navjivanfoundation.org


 

अब हिन्दुओ की भावना आहत नहीं होगी!" www.navjivanfoundation.org


 

କଉଡ଼ିରୁ ଟଙ୍କା: ଭାରତୀୟ ମୁଦ୍ରାର ସମ୍ପୂର୍ଣ୍ଣ ଇତିହାସ ଭାରତୀୟ ସଭ୍ୟତାରେ ବିନିମୟ ପ୍ରଥାର ବିବର୍ତ୍ତନ ବହୁତ ରୋମାଞ୍ଚକର। ପ୍ରକୃତିରୁ ମିଳୁଥିବା ସାମଗ୍ରୀଠାରୁ ଆରମ୍ଭ କରି ଆଜିର ଡିଜିଟାଲ୍ କରେନ୍ସି ପର୍ଯ୍ୟନ୍ତ, ଏହାର ଯାତ୍ରା ନିମ୍ନଲିଖିତ ପଏଣ୍ଟ ମାଧ୍ୟମରେ ବୁଝିପାରିବା: ୧. ପ୍ରାଚୀନ ଯୁଗ (କଉଡ଼ି ପ୍ରଥା) ଫୁଟି କଉଡ଼ି: ଏହା ମୁଦ୍ରାର ସବୁଠାରୁ କ୍ଷୁଦ୍ର ଏକକ ଥିଲା। ସାଧାରଣତଃ ଭଙ୍ଗା କଉଡ଼ିକୁ ଏଥିପାଇଁ ବ୍ୟବହାର କରାଯାଉଥିଲା। କଉଡ଼ି: ପ୍ରାଚୀନ ଓଡ଼ିଶା ଓ ଭାରତର ଗ୍ରାମୀଣ ଅର୍ଥନୀତିରେ ଏହା ବିନିମୟର ମୁଖ୍ୟ ମାଧ୍ୟମ ଥିଲା। ୨. ମଧ୍ୟଯୁଗୀୟ ଓ ପ୍ରାକ୍-ବ୍ରିଟିଶ କାଳ ଦମଡ଼ି: ଧାତୁ ମୁଦ୍ରାର ପ୍ରଚଳନ ପରେ ତମ୍ବାରେ ନିର୍ମିତ ଏହି ଛୋଟ ମୁଦ୍ରା ବହୁତ ଲୋକପ୍ରିୟ ହୋଇଥିଲା। ଦେଲା (ଅଧଲା): ଦମଡ଼ି ପରବର୍ତ୍ତୀ ସ୍ତରର ମୁଦ୍ରା ଥିଲା, ଯାହାକୁ ଅଧା ପଇସା ଭାବେ ଗଣନା କରାଯାଉଥିଲା। ୩. ବ୍ରିଟିଶ ଶାସନ କାଳ (ପାଇ ଓ ଅଣା) ପାଇ (Pie): ଏହା ବ୍ରିଟିଶ ସମୟର ସବୁଠାରୁ ଛୋଟ ଧାତୁ ମୁଦ୍ରା ଥିଲା। ଅଣା (Anna): ସେତେବେଳେ ୧୬ ଅଣାରେ ୧ ଟଙ୍କା ହେଉଥିଲା। ସିକି: ୪ ଅଣାକୁ ଏକ 'ସିକି' କୁହାଯାଉଥିଲା। ଅଧୁଲି: ୮ ଅଣାକୁ ଏକ 'ଅଧୁଲି' କୁହାଯାଉଥିଲା। ୪. ସ୍ୱାଧୀନତା ପରବର୍ତ୍ତୀ ପରିବର୍ତ୍ତନ (୧୯୫୭) ଦଶମିକ ପଦ୍ଧତି: ୧୯୫୭ ମସିହାରେ ପୁରୁଣା '୧୬ ଅଣା' ବ୍ୟବସ୍ଥା ବନ୍ଦ ହୋଇ ୧ ଟଙ୍କା = ୧୦୦ ପଇସା ନିୟମ ଲାଗୁ ହେଲା। ନୟା ପଇସା: ପ୍ରଥମ କିଛି ବର୍ଷ ପର୍ଯ୍ୟନ୍ତ ଏହାକୁ 'ନୟା ପଇସା' କୁହାଗଲା, ପରେ ଏହା କେବଳ 'ପଇସା' ଭାବେ ପରିଚିତ ହେଲା। ମୁଦ୍ରାର ମୂଲ୍ୟ ତାଲିକା (ଏକ ନଜରରେ) ୩ ଫୁଟି କଉଡ଼ି = ୧ କଉଡ଼ି ୧୦ କଉଡ଼ି = ୧ ଦମଡ଼ି ୨ ଦମଡ଼ି = ୧ ଦେଲା (ଅଧଲା) ୧.୫ ପାଇ = ୧ ଦେଲା ୩ ପାଇ = ୧ ପଇସା (ପୁରୁଣା) ୪ ପଇସା = ୧ ଅଣା ୧୬ ଅଣା = ୧ ଟଙ୍କା www.navjivanfoundation.org सिक्कों से पैसा: भारतीय मुद्रा का पूरा इतिहास भारतीय सभ्यता में प्रथम आदान-प्रदान का विकास बहुत ही रोमांचक है। प्रकृति से प्राप्त सामग्री से लेकर आज की डिजिटल मुद्रा तक इसकी यात्रा को निम्न बिन्दुओं के माध्यम से समझा जा सकता है: । प्राचीन काल (कुड़ी प्रथा) फूटी सिक्का: यह सिक्के की सबसे छोटी इकाई थी। इसके लिए आमतौर पर टूटे हुए हुक का उपयोग किया जाता था। कौड़ी: प्राचीन ओडिशा और ग्रामीण भारत की अर्थव्यवस्था में विनिमय का यह मुख्य माध्यम था। .. मध्ययुगीन और पूर्व-ब्रिटिश समय दमाड़ी: धातु के सिक्के आने के बाद तांबे से बना यह छोटा सिक्का काफी लोकप्रिय हो गया। देला (आधा): दमाड़ी अगले स्तर का सिक्का था, जो आधा पैसा माना जाता था। 3. ब्रिटिश शासन काल (पाई और एना) पाई: यह ब्रिटिश काल का सबसे छोटा धातु का सिक्का था। अन्ना (अन्ना): उस समय 16 अन्ना में 1 रुपया हुआ करता था। सीकी: 4 दाने को 'सिकी' कहा जाता था। अधुली: 8 दाने को 'अधुली' कहा जाता था .. स्वतंत्रता अगला परिवर्तन (1957) दशमलव प्रणाली: 1957 में पुरानी '16 आना' प्रणाली बंद कर 1 रुपये = 100 पैसे का नियम लागू किया गया। नया पैसा: पहले कुछ सालों तक इसे 'नया पैसा' कहा जाता रहा, फिर इसे 'पैसा' कहा जाता रहा। 📊 मुद्रा की कीमतों की सूची (एक नज़र में) 3 फीट लंबा = 1 लंबा 10 सिक्के = 1 रस्सी 2 रस्सियाँ = 1 दिया (आधा) । 5 पाई = 1 वितरित 3 पाई = 1 पैनी (पुरानी) 4 पैसा = 1 लाना 16 आना = 1 रुपया